उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में आबकारी विभाग के एक अधिकारी का बयान इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। एक कार्यक्रम के दौरान दिए गए इस बयान में अधिकारी ने शराब के अवैध कारोबार और उसके टाइम से पहले और टाइम के बाद ओवररेट (अधिक मूल्य) बिक्री को लेकर ऐसा बयान दिया, जिसने स्थानीय राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में हलचल मचा दी है।
अधिकारी ने साफ शब्दों में कहा— “अगर शराब ओवररेट नहीं होगी तो पुलिस, आबकारी विभाग, नेता, और शासन के किसी भी व्यक्ति को एक बूंद शराब नहीं मिलेगी।
लोगों का कहना है कि यदि सरकार वास्तव में पारदर्शिता चाहती है, तो ऐसे गैर-जिम्मेदार बयानों पर तत्काल कार्रवाई की जानी चाहिए ताकि सरकारी विभागों की विश्वसनीयता बनी रहे।
