हरिद्वार रोशनाबाद वीआईपी क्षेत्र माना जाता हैं क्योंकि जिले के समस्त आला अधिकारियों के दफ्तर ओर निवास स्थान यही हैं,बावजूद उसके एक ऐसा खेल यहाँ खेला जा रहा हैं जिसकी जानकारी सभी अधिकारियों को हैं,लेकिन मजाल हैं कि कोई भी यहाँ इस खेल को बंद करवा सके
रोशनाबाद अंग्रेजी शराब का ठेका जो हरिद्वार प्रसाशन के बिलकुल नजदीक ओर आबकारी विभाग कि नाक नीचे होने के बावजूद न तो किसी कानून को मानता हैं ओर न ही नियम को,यहाँ तो ओवर रेटिंग ग्राहक को बोतले लेने ही पड़ते हैं आपको बता दें कि यहाँ पर बोतल एक्स्ट्रा पैसे लेने के बाद ही शराब खरीदी जा सकती हैं लेकिन जो बोतल 200 का है उस शराब कि बोतल पर 10 रूपये अधिक चुकाने होंगे,
आबकारी विभाग कि मिलीभगत के चलते यहाँ उधेड़ी जा रही कानून कि धज्जियाँ,
जिस प्रकार यहाँ ओवर रेटिंग का बड़ा कारोबार किया जा रहा हैं उस से साफ हो जाता हैं कि इसमें विभाग कि मिलीभगत जरूर हैं,क्योंकि रोशनाबाद जिस शराब के ठेके पर अवैध तरीके से शराब कि बिक्री हो रही हैं,वह आबकारी विभाग के कुछ ही कदमो पर स्थित हैं,लेकिन आबकारी विभाग के कहीं कहीं ऐसे हाथ बंधे हैं कि कार्यवाही के नाम पर यहाँ सिर्फ औपचारिकता ही होती रही हैं,
सवाल यह हैं कि आखिर इतना हौसला क्यों ओर किसका संरक्षण हैं इन्हे जो न तो इन्हे कानून का भय हैं ओर न ही आबकारी विभाग का,यहाँ तक कि जिले के तमाम बड़े अधिकारी यहीं आस पास निवास करते हैं,तो किस लिये बनाये गये हैं आबकारी नियम ओर किस लिये निभाई जा रही हैं यहाँ इन नियमों कि औपचारिकता,
